जमवारामगढ़ : बाघ ST-24 की लोकेशन 14वें दिन भी ट्रेस नहीं हुई है. 11 मई को डिगोता नाल, अजबगढ़ के आसपास ST-24 अंतिम बार दिखा था. जमवारामगढ़ क्षेत्र में आने के 4 वर्ष बाद पहली बार सरिस्का की तरफ ST-24 लौटा था.
बाघ के स्ट्रेस मैनेजमेंट के लिए उसका फीमेल साथी उपलब्ध कराना जरूरी था. लेकिन 4 साल में भी वन विभाग इस क्षेत्र में फीमेल का ट्रांसलोकेशन नहीं कर पाया. ST-24 की घर वापसी से जमवारामगढ़ में निराशा का माहौल है.
वन्यजीव प्रेमियों ने विभाग की प्लानिंग व मॉनिटरिंग पर सवाल उठाए हैं. धीमी प्लानिंग, NTCA से समन्वय का अभाव और मॉनिटरिंग की कमी खली है. सरिस्का और जयपुर वाइल्डलाइफ की टीमों को ट्रैकिंग, मॉनिटरिंग बढ़ानी होगी.