राजस्थान विश्वविद्यालय का 35वां दीक्षांत समारोह, उप राष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन बोले- जयपुर शिक्षा और संस्कृति का केंद्र रहा, विश्वविद्यालय की ऐतिहासिक पहचान

जयपुरः राजस्थान विश्वविद्यालय का 35वां दीक्षांत समारोह आयोजित किया जा रहा है. उप राष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन ने संबोधित करते हुए कहा कि जयपुर शिक्षा और संस्कृति का केंद्र रहा है. परंपरा और आधुनिकता का बेहतरीन संगम है. राजस्थान की समृद्ध विरासत पर सभी को गर्व है. विश्वविद्यालय की ऐतिहासिक पहचान है. 

राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने कहा कि ये राजस्थान की बहुत पुरानी यूनिवर्सिटी है. 35 सालों से ये डिग्रियां दे रही. विद्यार्थियों के नए जीवन में प्रवेश के लिए ये महत्वपूर्ण पड़ाव है. विश्वविद्यालय का केंद्रीय पुस्तकालय बहुत बड़ा है. मानसिक और शारीरिक कल्याण के लिए शोध के विषय भी यहां. उपाधि तो एक गहना है,अच्छा जीवन जीना है. तो ईमानदारी,नैतिकता,सेवावभाव रखना होगा. 

समारोह में उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने कहा कि शिक्षक वो शक्ति है जो हर इंसान को बदल सकती है. शिक्षा समाज का सबसे बड़ा साधन है. विद्यार्थी की सफलता शिक्षक की तपस्या का फल है. भीमराव अंबेडकर ने शिक्षा को सबसे शक्तिशाली हथियार बताया था. शिक्षा कठिन से कठिन परिस्थिति में भी आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करती है. शिक्षा जब तक अधूरी है जब तक अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति के काम न आए.