देश के किसी भी राज्य या केंद्र शासित प्रदेश में नहीं भरे हुए जजों के सभी पद, केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्रालय के आंकड़ों से हुआ खुलासा

देश के किसी भी राज्य या केंद्र शासित प्रदेश में नहीं भरे हुए जजों के सभी पद,  केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्रालय के आंकड़ों से हुआ खुलासा

नई दिल्ली : देश के किसी भी राज्य या केंद्र शासित प्रदेश में जजों के सभी पद नहीं भरे हुए हैं. देशभर की जिला अदालतों में 23 फीसदी से अधिक जजों के पद खाली हैं. केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्रालय के आंकड़ों से जजों की कमी का खुलासा हुआ है. कर्नाटक में जजों की सबसे ज्यादा कमी, 58 फीसदी से अधिक पद खाली हैं.

कर्नाटक में 2812 स्वीकृत पदों में सिर्फ 1172 जज कार्यरत हैं, 1640 पद रिक्त हैं. देशभर की जिला अदालतों में 30868 स्वीकृत पदों में 23558 जज कार्यरत हैं. उत्तर प्रदेश में 1082, बिहार में 374 जजों के पद खाली हैं. महाराष्ट्र में 897 और मध्य प्रदेश में 368 जजों के पद रिक्त हैं. गुजरात में 535, झारखंड में 212 जजों के पद खाली हैं. जजों की कमी के बीच जिला अदालतों पर मुकदमों का बोझ बढ़ा है.

देश के किसी भी राज्य या केंद्र शासित प्रदेश में नहीं भरे हुए जजों के सभी पद 
-देशभर की जिला अदालतों में 23 फीसदी से अधिक जजों के पद खाली
-केंद्रीय विधि एवं न्याय मंत्रालय के आंकड़ों से हुआ जजों की कमी का खुलासा
-कर्नाटक में जजों की सबसे ज्यादा कमी, 58 फीसदी से अधिक पद खाली
-कर्नाटक में 2812 स्वीकृत पदों में सिर्फ 1172 जज कार्यरत, 1640 पद रिक्त
-देशभर की जिला अदालतों में 30868 स्वीकृत पदों में 23558 जज कार्यरत
-उत्तर प्रदेश में 1082, बिहार में 374 जजों के पद खाली
-महाराष्ट्र में 897 और मध्य प्रदेश में 368 जजों के पद रिक्त
-गुजरात में 535, झारखंड में 212 जजों के पद खाली
-जजों की कमी के बीच जिला अदालतों पर बढ़ा मुकदमों का बोझ