नई दिल्ली: लोकसभा में 3 संशोधन बिल पेश हुए. कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा कि परिसीमन और महिला आरक्षण बिल से किसी राज्य को नुकसान नहीं होगा. महिला आरक्षण विधेयक 2023 में पारित किया गया था. जिसके प्रावधानों को 2026 के बाद होने वाली जनगणना और परिसीमन के आधार पर लागू किया जाएगा. लोकसभा की सदस्य संख्या में समान रूप से 50 प्रतिशत की वृद्धि होगी. जिससे कुल सीटें बढ़कर 815 हो जाएंगी. इनमें से 272 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी. जो सदन की कुल संख्या का एक-तिहाई है. इससे किसी भी राज्य को कोई नुकसान नहीं होगा और उनकी मौजूदा ताकत बरकरार रहेगी.
आज का दिन ऐतिहासिक:
कानून मंत्री अर्जुनराम मेघवाल ने कहा कि आज का दिन ऐतिहासिक है. आज महत्वपूर्ण तीन बिल पेश हुए है. राइट टू वोट राजनीतिक न्याय है. महिलाओं को उचित प्रतिनिधित्व मिलेगा. हमारे संविधान निर्माताओं ने संविधान को यह शक्ति दी है कि संशोधन करके लोकहित के फैसले ले सकते हैं. अर्जुन मेघवाल ने कहा कि ये तीनों बिल, महिलाओं के लिए हैं. नीति निर्धारण में महिलाओं की भूमिका जरूरी है. मोदी जी अब्दुल कलाम साहब के सपनों को पूरा कर रहे हैं. इस बिल से किसी को भी नुकसान नहीं है. हमारे पास नीयत व नीति दोनों है.
लोकसभा में अखिलेश यादव का बयान:
लोकसभा में अखिलेश के बयान का गृह मंत्री अमित शाह ने जवाब देते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी अपनी सारी सीटें आधी मुस्लिम आबादी को दे दे. हमें कहां इस बात पर आपत्ति हैं. अखिलेश यादव ने सवाल किया कि जनगणना क्यों नहीं कराई जा रही है. मैं पूरे देश को बताना चाहता हूं कि जनगणना की प्रक्रिया पहले ही शुरू हो चुकी है. सरकार ने जाति जनगणना कराने का भी फैसला लिया है और जाति के आंकड़ों के साथ ही गणना की जा रही है. अगर समाजवादी पार्टी के बस में होता, तो वे तो घरों को भी जातियां दे देते है.
भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या का बयान:
संदन में बिल पर चर्चा के दौरान भाजपा सांसद तेजस्वी सूर्या ने कहा कि 40 साल से देश आज जैसे अवसर का इंतजार कर रहा था. तेजस्वी सूर्या ने पीएम मोदी के नेतृत्व में हो रहे बदलावों को अभूतपूर्व बताते हुए पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकारों को आड़े हाथ लिया. सूर्या ने संविधान में संसोधन को समय की मांग बताते हुए कहा कि कांग्रेस समेत अन्य विपक्षी पार्टियां बेबुनियाद आरोप लगा जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रही हैं.
कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई का बयान:
कांग्रेस सांसद गौरव गोगोई ने परिसीमन बिल पर कहा कि कानून मंत्री कि बात से ऐसा लग रहा था कि, पहली बार सदन में महिला आरक्षण पर चर्चा हो रही है. अपने भाषण में उन्होंने ऐसा ढांचा बनाने की कोशिश की. आज से ही 3 साल पहले गृह मंत्री ने ऐसी ही बातें की थीं. अगर दोनों की बातें सुनेंगे तो 90 प्रतिशत वही बातें हैं, जो आज कानून मंत्री ने कहीं. उस समय भी ऐसी ही बातें थीं. तब भी हमने यही कहा था कि हमारी पार्टी महिला आरक्षण के पक्ष में हैं. लेकिन इसे सरल कीजिए, ताकि जब पारित हो तभी लागू हो जाए. इसे परिसीमन के साथ न जोड़ें.
17 अप्रैल को शाम 4 बजे लोकसभा में होगी वोटिंग:
आपको बता दें कि लोकसभा में पेश किए गए तीनों बिलों पर सदन में वोटिंग होगी. 17 अप्रैल को शाम 4 बजे लोकसभा में वोटिंग होगी. आज और कल तीनों बिल पर चर्चा होगी. सदन में चर्चा के लिए घंटों को तय करने की बात हुई. संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि सरकार यहां सुनने और जवाब देने के लिए है. सरकार ने 12 घंटे चर्चा का समय तय किया है.