JDA का 44 साल बाद विज्ञापनों पर शिकंजा, आउटडोर विज्ञापन विनियम-2026 लागू, अब विज्ञापनों से वसूलेगा शुल्क

JDA का 44 साल बाद विज्ञापनों पर शिकंजा, आउटडोर विज्ञापन विनियम-2026 लागू, अब विज्ञापनों से वसूलेगा शुल्क

जयपुर: JDA का 44 साल बाद विज्ञापनों पर शिकंजा है. आउटडोर विज्ञापन विनियम-2026 लागू हो गया. अब विज्ञापनों से शुल्क वसूलेगा. JDA रीजन की प्रमुख सड़कों पर विज्ञापन साइटों की खुली नीलामी होगी. एक साल के लिए अधिकतम बोली लगाने वाली एजेंसी को लाइसेंस मिलेगा. निजी भवन पर विज्ञापन लगाने के लिए भी JDA से लाइसेंस जरूरी है. हर विज्ञापन के लिए अलग से अनुमति लाइसेंस लेना होगा. 

निजी भवन की छत पर होर्डिंग लगाने पर भी रोक रहेगी. निजी जमीन पर पोल या यूनीपोल लगाकर विज्ञापन भी नहीं लगा सकेंगे. स्मारक, स्कूल, अस्पताल और पुल विज्ञापन मुक्त होंगे. नगर प्राचीर, नगर द्वार और पुरातात्विक भवनों पर भी रोक है. विज्ञापन बोर्ड के लिए सड़क के सेंटर से 30 फीट दूरी अनिवार्य है. दृश्यता और यातायात बाधित करने वाले विज्ञापनों पर भी रोक है.

दुकान प्रतिष्ठान पर 10 वर्ग फीट तक नाम-पट्ट निशुल्क रहेगा. इसके बाद खुद के कारोबार के विज्ञापन पर 250 रुपए प्रति वर्गफीट शुल्क है. LED, LCD और डिजिटल स्क्रीन के लिए 375 रुपए प्रति वर्गफीट शुल्क है. विज्ञापन शुल्क में हर साल 10 फीसदी की बढ़ोतरी होगी. बिना अनुमति विज्ञापन लगाया तो JDA दोगुना शुल्क वसूलेगा. फैसले के खिलाफ 30 दिन में विज्ञापन समिति में अपील का प्रावधान है. विज्ञापन विवादों का क्षेत्राधिकार JDA ट्रिब्यूनल का रहेगा. गजट नोटिफिकेशन की तारीख से नियम लागू होंगे.