VIDEO: राज-काज से बदला सिस्टम का ढांचा, शासन हुआ स्मार्ट, देखिए ये खास रिपोर्ट

जयपुर : राजकाज को और अधिक उन्नत या एडवांस बनाने और इसमें परफॉर्मेंस रेटिंग के नए मानक बनाने के बाद प्रदेश में ई गवर्नेंस और मजबूती से लागू हुआ है. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के दिशा निर्देशन में सीएस वी.श्रीनिवास के नेतृत्व में प्रशासनिक दक्षता को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के उद्देश्य से सरकार ने 'राज-काज' को सशक्त, एकीकृत और आधुनिक डिजिटल प्लेटफॉर्म के रूप में राज्य के समस्त विभागों में सफलतापूर्वक लागू किया गया है. 

पूर्व सीएस उषा शर्मा और उसके बाद सुधांश पंत ने राजकाज के जरिये प्रशासनिक सुधार का नया मॉडल लागू किया और अब मुख्य सचिव वी.श्रीनिवास के नेतृत्व में नेक्स्ट जनरेशन डिजिटल सुधारों की नींव रखी गई है. 

राजकाज का डाटाबेस
राज-काज' के माध्यम से प्रशासनिक कार्यप्रणाली में डिजिटल गति, दक्षता और पारदर्शिता सुनिश्चित*
अब तक 47 लाख से अधिक ई-फाइलों का सफल सृजन*
 8 लाख से अधिक राजकार्मिकों ने प्रस्तुत किया अचल संपत्ति विवरण
मुख्य सचिव श्री वी. श्रीनिवास राज-काज' पर कार्य निष्पादन की लगातार ऑनलाइन मॉनिटरिंग कर रहे हैं और विशेष तैर पर औसत फाइल निस्तारण समय जैसे महत्वपूर्ण प्रदर्शन संकेतकों पर निरंतर नजर रखी जा रही है. इससे फाइलों के समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं कुशल निस्तारण में उल्लेखनीय सुधार हुआ है.
आईटी ने यह प्रणाली सचिवालय से लेकर जिला एवं ब्लॉक स्तर तक शासकीय और अर्ध-शासकीय कार्यालयों में शासन प्रक्रियाओं के पूरा डिजिटलीकरण को सुनिश्चित कर रही है. राज-काज के प्रभावी क्रियान्वयन से राजकीय प्रक्रियाओं को अधिक तेज, पारदर्शी, जवाबदेह एवं नागरिक-केंद्रित बनाया गया है.

47 लाख से अधिक ई-फाइलों का सफल निस्तारण
राज-काज प्रणाली के अंतर्गत राज्य के 71 प्रशासनिक विभागों और 57 हजार से अधिक कार्यालयों को एकीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ा जा चुका है.
 जिससे विभागीय समन्वय अत्यंत त्वरित एवं प्रभावी बना है. अब तक 47 लाख से अधिक ई-फाइलों का सफल सृजन किया जा चुका है, 
राज्य स्तर पर ही  माह फरवरी एवं मार्च 2026 में 8.34 लाख ई-फाइलों का निष्पादन किया गया, 
इन ई-फाइलों के लगभग 48.36  लाख से अधिक फाइल मूवमेंट्स दर्ज किए गए, जो प्रणाली की सफलता का प्रमाण है. 
सचिवालय स्तर पर माह फरवरी एवं मार्च 2026 के दौरान 11546 ई-फाइलों का सृजन किया गया. 
इसी कड़ी में दो माह में सचिवालय के 4017 कार्मिको की ओर से इन ई-फाइलों के लगभग 5 लाख से अधिक फाइल मूवमेंट्स दर्ज किए गए. 
मैन्युअल प्रक्रियाओं पर निर्भरता में कमी आने से प्रशासनिक कार्यों में गति, पारदर्शिता और भ्रष्टाचार मुक्त व्यवस्था को मजबूती मिली है.

पत्र प्राप्ति और डाक प्रेषण का कार्य भी हुआ डिजिटल
राज्य स्तर पर फरवरी एवं मार्च 2026 में 2.07 लाख पत्र प्राप्ति और 3.9 लाख ई-डाक भेजी गईं. वहीं सचिवालय स्तर पर इन दो माह में 47.50 हजार पत्र प्राप्ति और 37.60 हजार ई-डाक भेजी गईं.

8 लाख से अधिक राजकार्मिकों ने प्रस्तुत किया अचल संपत्ति विवरण
राजस्थान सरकार राज-काज 2.0 के रूप में इस प्रणाली को और अधिक उन्नत, सक्षम और उपयोगकर्ता-अनुकूल बनाने की दिशा में तेजी से कार्य कर रही है. 
इसके तहत कार्यालय प्रबंधन, कार्मिक प्रबंधन, सेवा नियम, पदनाम प्रबंधन और अचल संपत्ति विवरण (IPR) जैसे अहम मॉड्यूल सफलतापूर्वक क्रियान्वित किए जा चुके हैं. 
जनवरी 2026 में 8,00,444 राजकार्मिकों द्वारा राज-काज 2.0 के माध्यम से अचल संपत्ति विवरण प्रस्तुत किया जाना इसकी सफलता का प्रमाण है.

राज-काज' राजस्थान सरकार की एक परिवर्तनकारी डिजिटल पहल के रूप में उभर रहा है, जो सुशासन और प्रशासनिक सुधार की दिशा में एक मील का पत्थर साबित हो रहा है.