VIDEO: राजस्थान बीजेपी को मिला नया संगठन महामंत्री, अगले विधानसभा चुनावों में बीजेपी को अजेय बनाने की बनाएंगे रणनीति, देखिए ये खास रिपोर्ट

जयपुर: उत्तराखंड बीजेपी के शिल्पकार कहे जाने वाले अजेय कुमार को मिली राजस्थान की कमान. करीब दो साल चार महीने 18 दिन बाद बीजेपी राजस्थान को मिला संगठन महामंत्री. आगामी विधानसभा चुनावों की रणनीति बनाने का जिम्मा रहेगा अजेय कुमार के पास. बीजेपी राजस्थान के सत्ता संगठन की मजबूती के लिहाज से अजेय कुमार का आना अहम है. उत्तराखंड में लंबे समय तक रहे अजेय कुमार. राजस्थान के विधानसभा चुनावों में भी काम कर चुके अजेय कुमार. अजेय का मकसद रहेगा अगले चुनावों में मिथक तोड़कर बीजेपी को अजेय बनाना.

आखिरकार राजस्थान बीजेपी को चंद्रशेखर का उत्तराधिकारी मिल गया. विचार परिवार और बीजेपी ने यूपी के संघ प्रचारक अजेय कुमार को राजस्थान बीजेपी का संगठन महामंत्री बनाकर भेजा है. उत्तराखंड में संगठनात्मक मजबूती, अनुशासन और निरंतर उत्कृष्ट प्रदर्शन का सम्मान करते हुए अजेय कुमार को राजस्थान जैसे राजनीतिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण और बड़े राज्य की संगठनात्मक जिम्मेदारी सौंपी गई. अजेय कुमार को सत्ताधारी दल की कमान दी गई है. सीएम भजन लाल शर्मा और बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने अजेय कुमार को बधाई दी. खास बात ये है कि अजेय कुमार 2023 के विधानसभा चुनावों के वक्त राजस्थान में थे. उन्होंने भरतपुर जोन और हाड़ौती का जिम्मा संभाला था. उस समय बीजेपी संगठन महामंत्री थे चंद्र शेखर.

--- अजेय कुमार को ही राजस्थान का संगठन महामंत्री बनाने का मकसद ---
- 2023 के चुनावो में आए थे राजस्थान
- भरतपुर जोन और हाड़ौती में चुनाव राजनीति को संभाला
- केंद्रीय नेतृत्व को जो. फीडबैक दिया वो सटीक रहा था
- उत्तराखंड में शानदार परफॉर्मर रहे
- सत्ताधारी राज्य की कमान संभालने का अनुभव 
 -राजस्थान बीजेपी की कमजोरियों को दूर कर ताकत में बदलना
-बीजेपी सत्ता संगठन के बीच संतुलन बरकरार रखना
-राजस्थान बीजेपी में अनुशासन का सन्देश देना
-गुटबाजी पर लगाम लगाना
- विपक्ष की धार को कुंद करना
- संगठन को गढ़ना
- राजनीतिक नियुक्तियों को अमली जामा पहनाना
- मिथक तोड़कर बीजेपी को सत्ता में लाने की रणनीति बनाना

--  अजेय कुमार का सफर --
यूपी के पश्चिम क्षेत्र में लंबे समय तक रहे प्रचारक
सहारनपुर के सिकड़ी गांव के मूल निवासी 
1997 में उत्तराखंड के श्रीनगर गढ़वाल से राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रचारक निकले
 श्रीनगर, हरिद्वार एवं हल्द्वानी में नगर प्रचारक
 ऊधमसिंह नगर में जिला प्रचारक पद संभाला 
 इसके बाद अल्मोड़ा विभाग के विभाग प्रचारक रहे
  2009 से आप पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मुरादाबाद एवं बिजनौर विभाग के विभाग प्रचारक रहे
मेरठ प्रांत के प्रांत बौद्धिक शिक्षण प्रमुख के नाते कार्यकर्ताओं का मार्गदर्शन किया
 2018 में बीजेपी पश्चिमी उत्तर प्रदेश के क्षेत्रीय महामंत्री (संगठन) का पद संभाला 
 2019 से अब तक उत्तराखंड के प्रदेश महामंत्री (संगठन) के रूप में कार्य कर रहे थे
कई अवसरों पर उत्तराखंड बीजेपी का प्रदर्शन देश के अग्रणी राज्यों में रहा

-- अजेय कुमार का व्यक्तित्व --
संघ बीजेपी के युवा संघ निष्ठ चेहरे 
सहज,सरल स्वभाव के धनी 
बेहद मिलनसार और हँसमुख 
प्रवास की रणनीति में माहिर 
कुशल संगठन कर्ता के तौर पर पहचान
चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों में कार्यकर्ता से सतत संवाद
राजस्थान में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनने और भजनलाल शर्मा के मुख्यमंत्री बनने के बाद यहां संगठन महामंत्री को बदल दिया गया था. 15 जनवरी 2024 को तत्कालीन संगठन महामंत्री चंद्रशेखर को तेलंगाना बीजेपी का संगठन महामंत्री बनाकर भेज दिया गया. लगभग 1 साल से ऊपर हो चुका है राजस्थान बीजेपी को नया संगठन महामंत्री नहीं मिल पाया.

--- राजस्थान में संगठन महामंत्रियों का सफर ---
गिरिराज किशोर से लेकर अजेय कुमार तक
 .प्रचारक चंद्रशेखर ने प्रकाशचंद के स्थान पर संगठन महामंत्री का पद संभाला था
प्रकाश चंद आए थे ओम प्रकाश माथुर के स्थान पर
माथुर रहे थे भैरों सिंह शेखावत के समय संगठन महामंत्री 
मूल रूप से यूपी के निवासी चंद्रशेखर ने राजस्थान में बीजेपी को सत्ता तक पहुंचाने में योगदान दिया
बीजेपी के राष्ट्रीय नेतृत्व में उन्हें फिर दक्षिण भारत के तेलंगाना की जिम्मेदारी दी ..
प्रकाश चंद और चंद्र शेखर दोनों ही वसुंधरा राजे के समकालीन रहे

--भाजपा का संगठन महामंत्री मॉडल--
-संघ के प्रचारक को संगठन महामंत्री का दायित्व मिलता है
-कहा जाता है सरसंघचालक देवरस के जमाने से ये परम्परा चली
-संघ के प्रचारक को बीजेपी में भेजने की शुरुआत हुई थी देवरस के समय से
-भाजपा को आर एस एस का आनुषाॉगिक संगठन माना जाता है
-फुलटाइमर के तौर पर संगठन महामंत्री का 
उद्देश्य होता है राजनीतिक शाखा की मजबूती
-संघ और सियासी संगठन के बीच सेतु निर्माण करना

बीजेपी की स्थापना के समय संघ ने आचार्य गिरिराज किशोर दादा भाई को बीजेपी संगठन महामंत्री की जिम्मेदारी सौंपी थी इनके आगे चलकर भैरों सिंह शेखावत से पटरी नहीं बैठी फिर लाया गया ओम प्रकाश माथुर को संघ के किसान विंग से आए ओम प्रकाश माथुर को  सियासी क्षेत्र में भेजा फिर क्या अपनी बेजोड़ शैली के कारण ओम माथुर ने जल्द ही संगठन को मजबूत स्थिति में ला दिया , माथुर ऐसे एकमात्र संगठन महामंत्री भी रहे जो प्रदेश अध्यक्ष भी बने. ओम माथुर के बाद प्रकाश चंद ने संगठन महामंत्री की कमान संभाली. सहज ,सरल और अनुशासन पसंद व्यक्तित्व उनका रहा . वसुंधरा राजे के मुख्यमंत्रित्व काल में प्रकाश चंद संगठन महामंत्री थे. प्रकाश चंद के बाद उत्तर प्रदेश के चंद्र शेखर को संघ ने राजस्थान बीजेपी का संगठन महामंत्री बनाकर भेजा. चंद्र शेखर के लम्बे कार्यकाल में बीजेपी में नवाचार दिखे और भजन लाल सरकार का निर्माण हुआ. अलबत्ता एक बार फिर उत्तर प्रदेश से ही राजस्थान को  संगठन महामंत्री मिला है.