जयपुर: नीट पेपर लीक और अन्य परिक्षाओं में गड़बड़ी को लेकर राहुल गांधी कल कोचिंग सिटी में स्टूडेंट्स से संवाद करेंगे. छात्रों की गूंज प्रोग्राम में करीब 10 हजार स्टूडेंट्स को लाने का लक्ष्य रखा गया है. राहुल गांधी करीब तीन घंटे तक विभिन्न टॉपिक पर स्टूडेंट्स से चर्चा करेंगे. खास बात है कि इस दौरान किसी भी नेता का कोई भाषण नहीं होगा.
नीट पेपर लीक और अन्य एग्जाम गड़बड़ियों को लेकर कांग्रेस देशव्यापी स्टूडेंट्स संवाद अभियान का आगाज करने जा रही है. इस अभियान का आगाज कल कोचिंग सिटी कोटा से होगा. कोटा के दशहरा मैदान में होने वाले कार्यक्रम में राहुल गांधी छात्रों की मन की बात सुनेंगे. छात्रों की गूंज प्रोग्राम में कांग्रेस ने 10 हजार स्टूडेंट्स को लाने का लक्ष्य रखा है. कार्यक्रम के लिए एक विशेष कॉरिडोर बनाया जा रहा है. जहां राहुल गांधी स्टूडेंट्स के बीच जाकर बातचीत करेंगे.
राहुल गांधी सुनेंगे स्टूडेंट्स की मन की बात
कोचिंग सिटी से होगा देशव्यापी छात्र संवाद अभियान का आगाज
छात्रों की गूंज प्रोग्राम में राहुल गांधी 3 घंटे करेंगे छात्रों से संवाद
नीट पेपर लीक औऱ एग्जाम गड़बड़ी जैसे मुद्दों पर राहुल गांधी करेंगे चर्चा
दस हजार स्टूडेंट्स को प्रोग्राम में लाने का रखा गया लक्ष्य
यह पूरा कार्यक्रम होगा गैर राजनीतिक
किसी भी नेता का मंच से नहीं होगा कोई भाषण
प्रोग्राम के लिए बनाया गया एक विशेष कॉरिडोर
राहुल गांधी छात्रों के बीच जाकर करेंगे वन टू वन संवाद
छात्रों की समस्याएं,सुझाव और अनुभवों को सुनेंगे राहुल गांधी
राहुल गांधी ट्रेन से दिल्ली से आएंगे कल कोटा
हालांकि वैसे तो संवाद कार्यक्रम पूरी तरह से गैर सियासी रखा गया है. लेकिन कांग्रेस के दिग्गज नेता इस दौरान कोटा में जरुर मौजूद रहेंगे. राहुल गांधी के स्वागत के दौरान प्रभारी,पीसीसी चीफ औऱ नेता प्रतिपक्ष मौजूद रहेंगे. वहीं यूथ कांग्रेस,एनएसयूआई और जिला कांग्रेस कमेटी को स्टूडेंट्स को प्रोग्राम में लाने की जिम्मेदारी दी गई है. पीसीसी चीफ गोविंद डोटासरा औऱ गहलोत ने कहा कि राहुल गांधी ने छात्रों से संवाद का अच्छा प्रोग्राम शुरु करने का फैसला लिया है. क्योंकि पेपर लीक के चलते स्टूडेंट्स काफी परेशान है और कईं छात्रों ने सुसाइड भी कर ली है.
दरअसल कॉकरोच जनता पार्टी के सामने आने औऱ नीट पेपर लीक मुद्दे को उठाने के बीच कांग्रेस रणनीतिकारों ने इस अभियान को शुरु करने का फैसला लिया है. अभियान के जरिए कांग्रेस की नजर यूथ वोट बैंक पर पर भी रहेगी. अब देखते है कि राहुल गांधी का स्टूडेंट्स के बीच संवाद कितना प्रभाव छोड़ता है और केन्द्र सरकार के खिलाफ क्या माहौल बनता है.