राजस्थान यूनिवर्सिटी में छात्र आक्रोश, फीस वृद्धि पर ABVP का हल्लाबोल... कुलपति सचिवालय का किया घेराव, देखिए खास रिपोर्ट

जयपुरः राजस्थान विश्वविद्यालय में लगातार फीस वृद्धि और मूलभूत सुविधाओं की बदहाल स्थिति को लेकर आज एबीवीपी ने कुलपति सचिवालय का घेराव करते हुए जोरदार प्रदर्शन किया. प्रदर्शन के दौरान छात्रों और पुलिस के बीच तीखी नोकझोंक हुई, जो बाद में धक्का-मुक्की और झड़प में बदल गई. स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया. इस घटनाक्रम के बाद विश्वविद्यालय परिसर में तनावपूर्ण माहौल बन गया. 

एबीवीपी कार्यकर्ताओं का आरोप है कि राजस्थान विश्वविद्यालय प्रशासन हर वर्ष छात्रों पर फीस वृद्धि का बोझ डाल रहा है, लेकिन इसके बदले उन्हें आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं. छात्रों का कहना है कि विश्वविद्यालय की कई इमारतों की स्थिति जर्जर हो चुकी है और आए दिन छतों से प्लास्टर गिरने की घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे विद्यार्थियों की सुरक्षा पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है.प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में छात्र विश्वविद्यालय परिसर में एकत्र हुए और कुलपति सचिवालय की ओर मार्च किया. छात्रों ने हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की. उनका कहना था कि शिक्षा के नाम पर लगातार फीस बढ़ाई जा रही है, जबकि छात्रों को बुनियादी सुविधाओं के लिए संघर्ष करना पड़ रहा है.प्रदर्शन कर रहे छात्र नेताओं ने कहा कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने पिछले कुछ वर्षों में विभिन्न पाठ्यक्रमों की फीस में कई बार वृद्धि की है. आर्थिक रूप से कमजोर और मध्यम वर्गीय परिवारों से आने वाले विद्यार्थियों पर इसका सीधा असर पड़ रहा है. उनका आरोप है कि फीस बढ़ाने के बावजूद विश्वविद्यालय की शैक्षणिक और आधारभूत व्यवस्थाओं में कोई उल्लेखनीय सुधार देखने को नहीं मिला है.

छात्रों ने बताया कि कई विभागों की इमारतों में रखरखाव का अभाव है. बरसात और गर्मी के मौसम में भवनों की स्थिति और खराब हो जाती है. कई कक्षाओं की छतों से प्लास्टर टूटकर गिर रहा है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है. विद्यार्थियों ने आरोप लगाया कि कई बार शिकायतें देने के बावजूद प्रशासन ने इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया.प्रदर्शनकारियों का कहना था कि विश्वविद्यालय में साफ-सफाई, पेयजल, शौचालय और बैठने की व्यवस्थाएं भी संतोषजनक नहीं हैं. छात्रावासों में रहने वाले विद्यार्थियों ने भी सुविधाओं की कमी का मुद्दा उठाया. उनका कहना है कि हॉस्टलों में रखरखाव की स्थिति खराब है और कई आवश्यक सुविधाएं लंबे समय से प्रभावित हैं.जैसे ही प्रदर्शनकारी कुलपति सचिवालय के निकट पहुंचे, वहां तैनात पुलिस बल ने उन्हें आगे बढ़ने से रोकने का प्रयास किया. इस दौरान छात्रों और पुलिसकर्मियों के बीच बहस शुरू हो गई. कुछ ही देर में स्थिति तनावपूर्ण हो गई और दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की होने लगी. कुछ समय के लिए परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया.पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने के लिए बैरिकेडिंग की और कुछ कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया. हिरासत में लिए गए कार्यकर्ताओं को बाद में पुलिस वाहन के माध्यम से थाने ले जाया गया. एबीवीपी पदाधिकारियों ने पुलिस कार्रवाई को छात्रों की आवाज दबाने का प्रयास बताया और इसकी निंदा की.    

फिलहाल, फीस वृद्धि और मूलभूत सुविधाओं को लेकर छात्रों का आक्रोश खुलकर सामने आ गया है. यदि छात्रों की मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं होती है तो आने वाले दिनों में आंदोलन और तेज होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता.