अवैध खनन पर गुड गवर्नेंस और जीरो टॉलरेंस का प्रहार, राजस्थान में अप्रैल से सितंबर तक अवैध खनन, परिवहन और भंडारण के 5,799 मामले दर्ज

अवैध खनन पर गुड गवर्नेंस और जीरो टॉलरेंस का प्रहार, राजस्थान में अप्रैल से सितंबर तक अवैध खनन, परिवहन और भंडारण के 5,799 मामले दर्ज

जयपुर: अवैध खनन पर गुड गवर्नेंस और जीरो टॉलरेंस का प्रहार किया. राजस्थान में अप्रैल से सितंबर तक अवैध खनन, परिवहन और भंडारण के 5,799 मामले दर्ज किए. कार्रवाई में 5,178 अवैध परिवहन, 456 खनन और 165 अवैध भंडारण के मामले दर्ज ​किए. 5,757 वाहन-मशीनें जब्त, 832 FIR दर्ज और 568 लोगों की गिरफ्तारी हुई. 82.94 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया, लेकिन वसूली 44.33 करोड़ रुपए तक सीमित है. SME भीलवाड़ा 1,157 मामलों के साथ सबसे आगे, 1,109 वाहन-मशीनें जब्त की गई.

SME जयपुर में 1,051 मामले, 1,064 वाहन-मशीनें जब्त और 126 FIR दर्ज हुई. SME अजमेर में 670 मामले, 169 FIR और 67 गिरफ्तारियां हुई. SME जोधपुर में 655 मामले, 231 FIR और 235 गिरफ्तारियां हुई. SME भरतपुर में 583 मामले, लेकिन गिरफ्तारी केवल एक हुई. SME बीकानेर में 419 मामले, 389 वाहन-मशीनें जब्त और 6 FIR दर्ज हुई. SME उदयपुर में 371 मामले, 11.96 करोड़ रुपए जुर्माना; 3.13 करोड़ रुपए की वसूली की.

जयपुर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 1,051 मामले दर्ज: 
जयपुर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 1,051 मामले दर्ज किए गए. 43 अवैध खनन, 991 परिवहन और 17 भंडारण के मामले सामने आए. 1,064 वाहन-मशीनें जब्त कर अवैध गतिविधियों पर कार्रवाई हुई. 126 FIR और 52 गिरफ्तारियां, कार्रवाई में पुलिस केसों पर भी जोर है. 8.31 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया, 9.52 करोड़ रुपए वसूले. वसूली का आंकड़ा जुर्माने से अधिक, पुराने बकाये की वसूली भी संभव है. अब कार्रवाई की निरंतरता और अवैध खनन पर प्रभावी अंकुश की परीक्षा है.

अजमेर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 670 मामले दर्ज: 
अजमेर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 670 मामले दर्ज किए गए. 89 अवैध खनन, 565 परिवहन और 16 भंडारण के मामले सामने आए. 674 वाहन-मशीनें जब्त कर कार्रवाई का प्रभाव दिखाया. 169 FIR और 67 गिरफ्तारियां, कानूनी कार्रवाई में सक्रियता है. 10.68 करोड़ रुपए का जुर्माना, क्षेत्रीय कार्यालयों में प्रमुख आंकड़ा है. 7.18 करोड़ रुपए की वसूली, जुर्माने से कम राशि वसूल हुई. बाकी बकाया वसूली और मामलों के अंतिम निस्तारण पर निगाहें है.

जोधपुर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 655 मामले दर्ज: 
जोधपुर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 655 मामले दर्ज किए गए. 59 अवैध खनन, 584 परिवहन और 12 भंडारण के मामले दर्ज किए. 674 वाहन-मशीनें जब्त कर कार्रवाई का बड़ा आंकड़ा है. 231 FIR और 235 गिरफ्तारियां, नौ कार्यालयों में सर्वाधिक गिरफ्तारियां हुई. 11.38 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया, क्षेत्र में सबसे अधिक राशि है. वसूली केवल 3.23 करोड़ रुपए, जुर्माने के मुकाबले बड़ा अंतर है. सख्त कार्रवाई के साथ राजस्व वसूली बढ़ाना प्रमुख चुनौती है.

बीकानेर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 419 मामले दर्ज:
बीकानेर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 419 मामले दर्ज किए गए. 58 अवैध खनन, 340 परिवहन और 21 भंडारण के मामले है. 389 वाहन-मशीनें जब्त कर कार्रवाई का रिकॉर्ड दर्ज किया. लेकिन FIR केवल छह, गिरफ्तारी का आंकड़ा शून्य है. 7.76 करोड़ रुपए का जुर्माना, 4.57 करोड़ रुपए की वसूली है. दर्ज मामलों के मुकाबले FIR और गिरफ्तारी का कम आंकड़ा सवाल खड़े करता है. कार्रवाई के बाद कानूनी प्रक्रिया और जवाबदेही पर फोकस जरूरी है.

उदयपुर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 371 मामले दर्ज:
उदयपुर क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 371 मामले दर्ज किए गए. 43 अवैध खनन, 319 परिवहन और नौ भंडारण के मामले है. 373 वाहन-मशीनें जब्त, 71 FIR और 46 गिरफ्तारियां हुई. 11.96 करोड़ रुपए का जुर्माना, कार्यालयवार आंकड़ों में सर्वाधिक राशि है. लेकिन वसूली केवल 3.13 करोड़ रुपए तक पहुंची. जुर्माने और वसूली के बीच 8.83 करोड़ रुपए का अंतर है. कार्रवाई के साथ बकाया राजस्व की वसूली पर निगरानी जरूरी है.

कोटा क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 309 मामले दर्ज: 
कोटा क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 309 मामले दर्ज किए गए. 34 अवैध खनन, 260 परिवहन और 15 भंडारण के मामले है. 302 वाहन-मशीनें जब्त कर कार्रवाई की गई. 27 FIR और 16 गिरफ्तारियां, कानूनी कार्रवाई का रिकॉर्ड है. 3.24 करोड़ रुपए का जुर्माना, 3.12 करोड़ रुपए की वसूली की गई. जुर्माने की तुलना में वसूली का प्रदर्शन बेहतर है. अवैध खनन पर रोक के लिए निगरानी और नियमित कार्रवाई जरूरी है.

राजसमंद क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 154 मामले दर्ज: 
राजसमंद क्षेत्र में छह माह में अवैध खनन-परिवहन के 154 मामले दर्ज किया गया. 14 अवैध खनन, 139 परिवहन और एक भंडारण का मामला है. 164 वाहन-मशीनें जब्त कर कार्रवाई की गई. 44 FIR और 18 गिरफ्तारियां, मामलों के अनुपात में कानूनी कार्रवाई हुई. 2.22 करोड़ रुपए का जुर्माना, 1.41 करोड़ रुपए की वसूली की गई. मामलों की संख्या कम, लेकिन FIR का अनुपात उल्लेखनीय है. वसूली बढ़ाने और अवैध गतिविधियों पर प्रभावी रोक की जरूरत है.

भीलवाड़ा क्षेत्र में 6 माह में अवैध खनन-परिवहन के 1,157 मामले दर्ज: 
भीलवाड़ा क्षेत्र में 6 माह में अवैध खनन-परिवहन के 1,157 मामले दर्ज किए गए. 82 अवैध खनन, 1,007 परिवहन और 3 तरह के मामलों में 68 अन्य प्रकरण दर्ज हुए. 1,109 वाहन-मशीनें जब्त कर कार्रवाई का बड़ा रिकॉर्ड बनाया. 141 FIR दर्ज, 132 लोगों की गिरफ्तारी से कार्रवाई को दम मिला. 17.87 करोड़ रुपए का जुर्माना, प्रदेश के कार्यालयों में सर्वाधिक. इसके मुकाबले वसूली 4.77 करोड़ रुपए तक, जुर्माने का बड़ा हिस्सा बाकी है. कार्रवाई के साथ बकाया जुर्माने की वसूली बढ़ाना विभाग के सामने चुनौती है.