जयपुर: सुप्रसिद्ध गायिका आशा भोसले के निधन पर शोक संवेदना जताई. राज्यपाल हरिभाऊ बागडे ने निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया. उन्होंने कहा कि यह भारतीय संगीत जगत की अपूरणीय क्षति है. राज्यपाल ने कहा कि भारतीय सिने संगीत,शास्त्रीय और सुगम संगीत में आशा भोसले का अप्रतिम योगदान रहा है. उन्होंने भारतीय फिल्म संगीत को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाते.लगभग सभी भारतीय भाषाओं में संगीत की हमारी परम्परा को समृद्ध किया. उनका निधन अत्यंत दुःखद एवं कला जगत की अपूरणीय क्षति है. राज्यपाल ने ईश्वर से पुण्यात्मा की शांति और परिजनों, प्रशंसकों को दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करने की कामना की.
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि सुरों की सरिता, स्वर साम्राज्ञी आशा भोसले जी के निधन का समाचार अत्यंत दुखद है. कला जगत के लिए अपूरणीय क्षति है.अपनी जादुई और मधुर आवाज से भारतीय संगीत को वैश्विक पहचान दिलाई. आशा ताई का योगदान सदैव अविस्मरणीय रहेगा. संगीत के प्रति उनका समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणापुंज बना रहेगा.
आपको बता दें कि दिग्गज गायिका आशा भोसले का निधन हो गया. 92 साल की उम्र में दुनिया को अलविदा कहा. आशा भोसले ने 50 से 90 के दशक के बीच ओपी नैयर, आरडी बर्मन, खय्याम और बप्पी लहरी जैसे कई संगीतकारों के साथ काम किया. इस दौरान आशाताई ने कई सदाबहार गाने गाए. आशा भोसले और किशोर कुमार ने एक साथ 600 से अधिक युगल गीत (duet) गाए.
दिग्गज गायिका आशा भोसले का जन्म 8 सितंबर 1933 को महाराष्ट्र के सांगली में हुआ था. जब 9 साल की थी तब उनके पिता दीनानाथ मंगेशकर का निधन हुआ था. अपनी मेहनत से संगीत की दुनिया में एक खास मुकाम हासिल किया. आशा भोसले की सबसे बड़ी ताकत उनकी 'वर्सटैलिटी' है. यानी हर तरह के गाने को बखूबी गाना. शास्त्रीय संगीत से लेकर कव्वाली और कैबरे से लेकर पॉप तक, हर जॉनर में हाथ आजमाया और सफल रहीं.
आशा भोसले और आर.डी. बर्मन का युगल गीत बहुत लोकप्रिय हुआ था. पिया तू अब तो आजा, दम मारो दम, चुरा लिया है तुमने उनके प्रसिद्ध गीतों में से है. 92 साल की उम्र में आशा भोसले ने अंतिम सांस ली. काम के प्रति आशा भोसले का जबरदस्त जुनून रहा. 91 साल की उम्र में उन्होंने अपना पिछला गाना रिकॉर्ड किया था.2024 में आए 'सैंया बिना' गाने में अपनी आवाज दी थी. यूट्यूब पर मौजूद इस गाने को 1.5 मिलियन से ज्यादा व्यूज मिल चुके है. आशा भोसले पिछले 8 दशक से संगीत की सेवा में लगी थी. इस दौरान उन्होंने एक से बढ़कर एक गाने गाए. आशा भोसले ने 12 हजार से ज्यादा गाने गाए. आशा भोसले के नाम गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड है. 1943 में मराठी फिल्म 'माझा बाळ' के लिए पहला गाना गाया था. उनका पहला हिंदी सॉन्ग साल 1948 में आई 'चुनरिया' फिल्म से था.