जयपुर: ग्रामीण गरीबों के काम के अधिकार की रक्षा के लिए कांग्रेस पार्टी द्वारा चलाए जा रहे मनरेगा बचाओ संग्राम अभियान की तैयारियों को लेकर राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी की विस्तारित कार्यकारिणी की महत्वपूर्ण बैठक गुरुवार को जयपुर स्थित हरीश चन्द्र तोतूका सभागार में आयोजित हुई. बैठक की अध्यक्षता प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविन्द सिंह डोटासरा ने की. बैठक में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली, एआईसीसी के सह प्रभारी रित्विक मकवाना, मध्यप्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी, एआईसीसी सचिव धीरज गुर्जर, दानिश अबरार, पूर्व प्रदेशाध्यक्ष डॉ. सी.पी. जोशी, डॉ. बी.डी. कल्ला, डॉ. चन्द्रभान सहित कांग्रेस के सांसद, विधायक, विधायक प्रत्याशी, जिलाध्यक्ष, विधानसभा ऑब्जर्वर, अग्रिम संगठनों एवं विभिन्न विभागों के पदाधिकारी उपस्थित रहे.
बैठक को संबोधित करते हुए डोटासरा ने बताया कि मनरेगा बचाओ संग्राम अभियान के तहत 10 जनवरी से 6 फरवरी 2026 तक प्रदेश के सभी जिलों, ब्लॉक एवं मंडल स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे. उन्होंने कहा कि भाजपा की केन्द्र सरकार ने मनरेगा जैसी जनकल्याणकारी योजना को समाप्त कर ग्रामीण गरीब मजदूरों की आजीविका पर हमला किया है. मनरेगा कानून कांग्रेस सरकार की ऐतिहासिक उपलब्धि थी, जिसने गरीब मजदूरों को मांग पर काम और काम न मिलने पर भत्ता देने की गारंटी दी थी.
बैठक में निर्देश दिए कि कांग्रेस कार्यकर्ता घर-घर जाकर पत्रक वितरण, गोष्ठियों और पदयात्राओं के माध्यम से जनता को मनरेगा के लाभों और उसके समाप्त होने के दुष्परिणामों की जानकारी दें. प्रत्येक बूथ पर “मनरेगा योद्धा” नियुक्त करने का भी प्रस्ताव रखा गया. बैठक को अन्य वरिष्ठ नेताओं ने भी संबोधित करते हुए अभियान को सफल बनाने का आह्वान किया.