रिफाइनरी पर राजनीति ! पीएम मोदी 21अप्रैल को करेंगे पचपदरा में रिफाइनरी का लोकार्पण, देखिए खास रिपोर्ट

जयपुरः प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पचपदरा आ रहे. रिफाइनरी परियोजना का श्रीगणेश होगा. पीएम के दौरे से रिफाइनरी पर पॉलिटिक्स भी तेज हो गई है. बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने पचपदरा रिफाइनरी परियोजना पर भी कांग्रेस सरकार को घेरा. उन्होंने कहा कि इस परियोजना की शुरुआत 2007-08 में तत्कालीन मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के कार्यकाल में हुई थी, लेकिन बाद में गहलोत सरकार ने कंपनी के साथ गलत समझौता किया.भाजपा सरकार ने समझौते में बदलाव कर राज्य को करीब 40 हजार करोड़ रुपये की बचत कराई है. सीएम भजन लाल शर्मा ने कल ट्वीट किया था कि पीएम 21अप्रैल को रिफाइनरी लोकार्पण के लिए विरधरा राजस्थान आ रहे.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पिछले तीन माह में ही दूसरी बार 21 अप्रैल को बाड़मेर के पचपदरा में 72 हजार करोड़ की रिफाइनरी का लोकार्पण करेंगे. इससे पहले पीएम मोदी 28 फरवरी को अजमेर के कायड़ विश्रामस्थली में विशाल जनसभा करने आए थे. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने इसे राजस्थान के औद्योगिक विकास के लिए 'मील का पत्थर' बताया है. पचपदरा राजस्थान का दुबई बन सकता है. एक ओर दुनिया के सबसे बड़े तेल उत्पादकों देशों में जंग की गूंज है ईरान-इजराइल संघर्ष के कारण कच्चे तेल की सप्लाई और रिफाइनरियों पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं, वहीं राजस्थान अपने औद्योगिक इतिहास का स्वर्णिम अध्याय लिखेगा. बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने इसे डबल इंजन सरकार की शानदार पहल बताया और पिछली गहलोत सरकार पर निशाना साधा. मदन राठौड़ ने पीएम मोदी के राजस्थान दौरे पर कहा कि ये हमारे लिए खुशी की बात है पचपदरा में तेल का भंडार मिला है इसकी शुरुआत 2007 - 2008 में तात्कालीन सीएम वसुंधरा राजे ने शुरुआत की थी इसके बाद गहलोत साहेब आए. उन्होंने गलत एग्रीमेंट किया था 3736 करोड़ रुपया बिना ब्याज के प्रतिवर्ष देने के साथ ही 15वर्ष तक देने का एग्रीमेंट किया कंपनी के साथ गहलोत साहेब नेहमारी इक्विट थी केवल 26 प्रतिशत जबकि जमीन हमारी तेल हमारा कोई भी पर्यावरण क्लीरेंस नहीं ली जमीन सुनिश्चित नहीं की जाते जाते सोनिया गांधी से शिलान्यास करवा लिया हमने जो एग्रीमेंट किया उससे राजस्थान को बचत हुई 31मार्च 2026 की टाइम लाइन तय की थी. अब मोदी 21 अप्रैल 2026 को आ रहे

बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ राज्यसभा सांसद भी है उन्होंने संसद में पचपदरा रिफाइनरी को लेकर सवाल भी किए थे. पचपदरा रिफाइनरी में 90हजार मजदूर काम करेंगे गल्फ में जैसे हालात रहे ऐसे में पचपदरा रिफाइनरी वरदान साबित होगी उत्पादन बढ़ेगा क्रूड को तैयार करेंगे परसेंटेज को हमने बढ़ाया पहले की तुलना कंपनी वही लेकिन एग्रीमेंट में कितना फर्क है. कांग्रेस ने आनन फानन में शिलान्यास का पत्थर लगाया. अभी हमने ये प्रस्ताव भी दिया है पाली,बालोतरा के प्रदूषित वाटर को ट्रीट करके रिफाइनरी के लिए दिया जाए, पीने का अमूल्य पानी रिफाइनरी के लिए देने की कहां जरूरत अब रिफाइनरी की हमारी कोशिश से 40हजार करोड़ की बचत होगी   

खास बात यह है कि यह रिफाइनरी लोकार्पण ऐसे समय में हो रहा है जब पश्चिम एशिया युद्ध की आग में झुलस रहा है और अंतरराष्ट्रीय तेल बाजार अस्थिर है. ऐसे में पचपदरा रिफाइनरी का शुरू होना भारत की ऊर्जा सुरक्षा की दिशा में एक बड़ा कदम है. यह रिफाइनरी उच्च गुणवत्ता वाले BS-VI मानक के ईंधन का उत्पादन करेगी, जिससे आयात पर निर्भरता कम होगी. राजनीति कुछ भी कहे गुणा भाग चलते रहेंगे लेकिन ERCP के बाद सीएम भजन लाल शर्मा के लिए रिफाइनरी एक बड़ी उपल्ब्धि की तरह होगा.