चूरू: चूरू जिले में एक महिला कांस्टेबल द्वारा अपने ही विभाग के पुलिसकर्मियों पर सामूहिक दुष्कर्म का गंभीर आरोप लगाए जाने से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है. पीड़िता ने तत्कालीन थानाधिकारी सहित चार पुलिसकर्मियों के विरुद्ध थाने व होटल में नशीला पदार्थ पिलाकर दुष्कर्म करने का आरोप लगाया है. पुलिस ने परिवाद के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
पीड़िता वर्तमान में गैरहाजिरी एवं आपराधिक मामलों में संलिप्तता के आरोप में पिछले दो माह से निलंबित चल रही है. महिला कांस्टेबल ने अपनी शिकायत में बताया कि वर्ष 2017 में उसके साथ दुष्कर्म की शुरुआत हुई, जो वर्ष 2025 तक लगातार चलता रहा. आरोप है कि संबंधित पुलिसकर्मियों ने उसे डराया-धमकाया और लंबे समय तक शारीरिक शोषण किया.
एसपी के समक्ष पेश होकर सौंपा परिवाद:
महिला कांस्टेबल ने बताया कि लंबे समय तक मानसिक और शारीरिक उत्पीड़न सहने के बाद उसने करीब दो सप्ताह पूर्व जिला पुलिस अधीक्षक के समक्ष पेश होकर लिखित परिवाद सौंपा. एसपी के निर्देश पर एक वरिष्ठ अधिकारी द्वारा मामले की आंतरिक जांच कराई गई. जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर बुधवार को मामला दर्ज किया गया. इसी दिन पीड़िता का मेडिकल परीक्षण भी करवाया गया.
ड्यूटी के बहाने होटल ले जाने का आरोप:
पीड़िता के अनुसार वर्ष 2017 में उसकी मुलाकात विक्की नामक व्यक्ति से हुई थी, जो बीकानेर से आई विद्युत विभाग की टीम के साथ आया था. उस समय उसकी भी ड्यूटी लगी हुई थी. बातचीत के दौरान उसने खुद को विद्युत विभाग का कर्मचारी बताया, लेकिन बाद में पता चला कि वह वहां कार्यरत नहीं था. पीड़िता ने आरोप लगाया कि एक अन्य अवसर पर, जब उसकी ड्यूटी नहीं थी, तब एक कांस्टेबल ने उसे फोन कर बताया कि उसकी ड्यूटी लगी है.
तड़के करीब 3:30 बजे वह बताए गए स्थान पर पहुंची, जहां से विक्की और एक कांस्टेबल उसे होटल ले गए. आरोप है कि वहां उसे नशीला पदार्थ पिलाकर दुष्कर्म किया गया. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए निष्पक्ष जांच शुरू कर दी गई है. हालांकि यह भी बताया गया है कि पीड़िता सात वर्ष पुराने घटनाक्रम को लेकर अब शिकायत लेकर सामने आई है और वर्तमान में वह निलंबित भी है, ऐसे में सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है. जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो पाएगी.