जयपुरः प्रदेश में सरकारी अस्पतालों में आईटी नवाचार के लिए विकसित किया गया इंट्रीग्रेडेट हेल्थ मैनेजमेंट सिस्टम यानी IHMS प्रशासनिक अनदेखी के चलते मरीजों के लिए बड़ा सिरदर्द साबित हो रहा है. इसकी बानगी आज एकबार फिर देखने को मिली, जहां IHMS सर्वर ठप्प होने चलते अस्पतालों में ओपीडी से लेकर आईपीडी में सेवाएं बेपटरी हो गई. इस दौरान घंटों इंतजार के बावजूद न तो ओपीडी की पर्चिंया कटी और ना ही जांच और अन्य सुविधाएं मरीजों को मिली. ऐसे में एसएमएस समेत सभी अस्पतालों में हजारों की तादात में मरीज और उनके परिजन हैरान परेशान होते दिखे.
सरकारी अस्पतालों में मरीजों की सेवाएं आज एकबार फिर बाधित रही. राजधानी में फिर चाहे एसएमएस अस्पताल हो या कावंटिया और गणगौरी अस्पताल, सभी जगहों पर सुबह ओपीडी की शुरूआत के साथ ही IHMS सर्वर ने जवाब देना शुरू कर दिया. महज एक घंटे का समय बीता ही था कि सर्वर पूरी तरह से ठप हो गया, जिसके चलते ओपीडी से लेकर आईपीडी में सभी सेवाएं बाधित हो गई. अकेले एसएमएस अस्पताल की बात की जाए तो रजिस्ट्रेशन काउंटरों पर हजारों की तादात में मरीज ओपीडी की पर्ची कटवाने के लिए घंटों संघर्ष करते दिखे. हालांकि, अस्पताल प्रशासन ने दावा किया कि मरीजों की दिक्कतों को देखते हुए वैकल्पिक इंतजार किए गए है.
मरीजों की दिक्कतों को देखते हुए "ब्लड कलेक्शन" का बढ़ाया समय
सर्वर डाउन होने के बाद एसएमएस अस्पताल ने शुरू किए अतिरिक्त इंतजाम
अधीक्षक डॉ मृणाल जोशी ने फर्स्ट इंडिया से खास बातचीत में दी जानकारी
डॉ जोशी ने कहा कि सर्वर की दिक्कतों को लेकर डीओआईटी को तत्काल दी गई सूचना
साथ ही वैकल्पिक व्यवस्था के तहत सादा पर्चें पर शुरू किया गए मरीजों के रजिस्ट्रेशन
इसके साथ ही मरीजों के दबाव को देखते हुए "ब्लड कलेक्शन" का बढ़ाया गया समय
डॉ जोशी के मुताबिक ओपीडी समय के बाद शाम पांच बजे तक लिए जाएंगे ब्लड सैम्पल
मरीजों की दिक्कतों को देखते हुए फर्स्ट इंडिया ने ग्राउंड जीरो पर जाकर वास्तविकता जानी. इस दौरान कमोबेश हर जगह मरीजों की दयनीय पीड़ा देखी गई. कई बुजुर्ग तो ऐसे थे जो पर्ची कटवाने के लिए घंटों इंतजार करने के बाद थकहार कर बैठ गए. देखिए मरीजों की दिक्कतों की तस्वीर.
दवा से पहले हिम्मत ने दिया जवाब....!
सर्वर ठप्प होने बीच एसएमएस अस्पताल में दिखी अमानवीय तस्वीर
धनवंतरी के पीछे जबरदस्त भीड़ में एक बुजुर्ग महिला की हिम्मत ने दिया जवाब
सैंकड़ों मरीजों के बीच दवा काउंटर के सामने बेसुध होकर गिर पड़ी बुजुर्ग महिला
करीब एक घंटे तक बेहोश पड़ी रही अज्ञात महिला को किसी ने भी नहीं सम्भाला
इस दौरान फर्स्ट इंडिया की टीम ने लाइव कवरेज के दौरान महिला की दिखाई स्थिति
साथ ही अस्पताल अधीक्षक डॉ मृणाल जोशी तक पहुंचाई बुजुर्ग महिला की जानकारी
इसके बाद डॉ जोशी ने संवेदनशीलता दिखाते हुए तत्काल महिला को पहुंचाया इमरजेंसी
लेकिन घटना ने अस्पताल में मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों की फौज पर उठाए सवाल
सवाल ये कि जब भी कोई बड़ी घटना होती है तो भागदौड़ करते दिखते है गिने चुने डॉक्टर
जबकि दो दर्जन से अधिक चिकित्सकों के पास है अस्पताल में जिम्मेदारियों का प्रशासनिक तमगा
ऐसे में क्या अधीक्षक डॉ जोशी अस्पताल में इमरजेंसी स्थिति के लिए अपनी "QRT" पर देंगे ध्यान