ईसरदा बांध से बंध बरेठा का अलाइनमेंट फाइनल, अब शुरू होगी पांच जिलों में भूमि अवाप्ति की प्रक्रिया

ईसरदा बांध से बंध बरेठा का अलाइनमेंट फाइनल, अब शुरू होगी पांच जिलों में भूमि अवाप्ति की प्रक्रिया

जयपुर: भजनलाल सरकार के ड्रीम प्रोजेक्ट संशोधित PKC-ERCP को रफ्तार देने के लिए फेज वन-बी तहत ईसरदा-खुराचैनपुरा से बांध बरेठा भरतपुर तक फीडर निर्माण के लिए भूमि अवाप्ति प्रक्रिया शुरू होगी. जल संसाधन विभाग ने अवाप्ति प्रक्रिया के लिए अधिसूचना जारी कर दी है. कितने जिलों के कितने गांवों में होगी अवाप्ति और कितने हेक्टेयर भूमि में फीडर निर्माण.

संशोधित PKC-ERCP प्रोजेक्ट  
-पहले चरण के फेज-बी से जुड़ी खबर 
-ईसरदा से बंध बरेठा (भरतपुर) का अलाइनमेंट फाइनल
-अब शुरू होगी पांच जिलों में भूमि अवाप्ति की प्रक्रिया 
-जल संसाधन विभाग ने अवाप्ति प्रक्रिया की अधिसूचना जारी की 
-ईसरदा-खुराचैनपुरा से बांध बरेठा भरतपुर तक फीडर निर्माण के लिए भूमि अवाप्ति
-ईसरदा से बांध बरेठा तक करीब 100 गांवों में होगी भूमि अवाप्ति
-सवाई माधोपुर, करौली, भरतपुर, दौसा और टोंक जिले के गांवों में होगी अवाप्ति
-योजना के तहत पांच जिलों में कुल  2851.631 हेक्टेयर भूमि होगी अवाप्त
-अवाप्ति के लिए राजस्थान वाटर ग्रिड कारपोरेशन लिमिटेड के महाप्रबंधक अधिकृत  
-जल संसाधन विभाग ने अवाप्ति प्रक्रिया की अधिसूचना जारी की 

संशोधित PKC-ERCP प्रोजेक्ट के तहत फेज वन-बी में पांच पैकेज पर काम करना है. इसमें शामिल ईसरदा से बंध बरेठा (भरतपुर) का अलाइनमेंट भी फाइनल हो चुका और अब धरातल पर काम शुरू कर किया जा रहा है. जिसके तहत भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू की जा रही है. जिन पांच जिलों के 100 गांवों में भूमि अधिग्रहण होगा. उसके लिए जल संसाधन विभाग ने अधिसूचना जारी कर दी है.

ईसरदा से बंध बरेठा (भरतपुर) पैकेज
-नहरी तंत्र से पानी पहुंचाया जाएगा बंध बरेठा
-करीब 190 किलोमीटर का सफर तय कर पहुंचेगा पानी
-ईसरदा बांध से जल अपवर्तित कर बंध बरेठा तक 19.14 MCM जल भंडारित किया जाएगा
-करीब 25 एमक्यूएम पानी पहुंचाया जाएगा बंध बरेठा
-खोरा चैनपुरा से होता हुआ बंध बरेठा पहुंचेगा पानी 
-भरतपुर शहर की आबादी को मिल सकेगा पेयजल 
-शहर की करीब 3 लाख की आबादी को मिल सकेगी पेयजल सुविधा

ईसरदा से खोरा चैनपुरा से बांध बरेठा भरतपुर तक फीडर निर्माण में आने वाली भूमि में सामाजिक समाघात निर्धारण के अधीन आने वाले परियोजना क्षेत्र और प्रभावित क्षेत्र का ब्यौरा तैयार हो चुका है और अब चरणबद्ध रूप से परामर्श, सर्वेक्षण और सार्वजनिक सुनवाई की शुरुआत की जाएगी ताकि प्रभावित गांवों किसानों से साथ बैठकर मुआवजे पर बात हो सके और बताया जा सके कि परियोजना के फलीभूत होने पर किस तरह का बदलाव आएगा. पांच जिलों के 100 गांवों की करीब 2851.631 हेक्टेयर भूमि अवाप्ति प्रस्तावित है. उधर, मौके पर अवाप्ति प्रक्रिया की पूरी मॉनिटरिंग हो सके इसके लिए अधिकारियों व कर्मचारियों की जिम्मेदारी भी तय कर दी है.

इन जिलों के गांवों में होगी भूमि अवाप्ति
---सवाई माधोपुर जिले के 58 गाँवों में होगी अवाप्ति

सोलपुर, रायपुरा, ईसरदा, शिवाड़, सारसोप, मुरली मनोहर नगर, पार्वती नगर, 
भीपुरा, थड़ोली, बंधावल, गेरपुर, इस्लामपुरा, कोलाड़ा, बासटोरडा, चांदा की  झोपड़ी, 
  बड़ागाँवसरवर, रसूलपुरा, चकरसूलपुरा, रवासा, बौली, अलुदा, मामडोली, कोडयाई, 
मिस्किनपुरा, पीपलदा, धोराला, रमजानीपुरा, चांदनहोली, मांदलगांव, देहरी, कूचाबाढ़चकनं.-1,
पीपलाई, खेड़ली, काचरहेड़ा, बामनवास पट्टी कला, राधेकी, शफीपुरा, बंधावल, कुंडली, सराय, गंडाल, बाढ़ सांचोली, माधोपुरा, आबादी की ढाणी, आसपुरा, बाढ़ सुंदरी, सुंदरी, भंवरकी, 
विछोछ, पीलोदा, शेखपुर, खरेडा, वजीरपुरा, किशोरपुर,पावटा, फुलवाड़ा, खंडीप गांव शामिल

---करौली जिले के 25 गांवों में होगी अवाप्ति
खुढ़ाचैनपुर, सोप, शहर, कटकड़, कुतकपुर, कलारन कापुरा, जमालपुर, खेड़ा, काचरौली, फुलवाड़ा, बंध का पुरा, चमरपुरा, हिंडौन, खोहराघूसैटी, कल्याणपुर सायटा, कारवाडीजट्ट, 
राराशाहपुर, हाड़ौली, चिनायटा, खेड़ीहैवत, सौमली, सौमलारात्रा, जटवाड़ा
दुर्गसी और सनैट गांव में होगी अवाप्ति

---भरतपुर जिले के 9 गांवों में होगी अवाप्ति
कपूराड़हर, कपूरामलूका, जरवर, झटौला, धुरैरी, फुराहरलाल, नहरौली, 
शेरगढ़, थानाडांग गांव में होगी अवाप्ति
दौसा जिले के पांच गांवों में होगी अवाप्ति

---देवल्दा, बाढ़कल्याणपुरा, कल्याणपुरा, अचलपुरा, बिलौनाखुर्द में होगी अवाप्ति
---टोंक जिले के खेड़ा, भैरूबूल्या और बहड गांव में होगी भूमि अवाप्ति 

पांच जिलों में भूमि अवाप्ति कर प्रोजेक्ट का पूरा करना होगा. अवाप्ति से जुड़ी प्रक्रिया इसी माह शुरू हो जाएगी और माना जा रहा है कि वर्ष 2028 तक भरतपुर शहर के करीब तीन लाख लोगों को चंबल का पानी मिल सकेगा.