जयपुर डिस्कॉम के टेक्नोक्रेट्स का दुस्साहस ! टोंक सर्किल के पीपलू इलाके में सामने आया करोड़ों का भ्रष्टाचार

जयपुर: जयपुर डिस्कॉम के टेक्नोक्रेट्स का दुस्साहस! टोंक सर्किल के पीपलू इलाके में करोड़ों का भ्रष्टाचार सामने आया. तीन अलग-अलग प्रकरणों में टेक्नोक्रेट्स ने नियमों को "आंख" दिखाई. एक शिकायत के आधार पर करवाई गई जांच में वित्तीय गड़बड़ियों का खुलासा हुआ. पीआर प्रोटीन इण्डस्ट्री का कनेक्शन 33 केवी पर शिफ्ट करने में बड़ी मिलीभगत है.

तकनीकी जांच में वीआर कम दर्शाते हुए महज 22 लाख रुपए का डिमाण्ड बनाया. जबकि नियमानुसार सिस्टम को अपग्रेड करने के हिसाब से डिमाण्ड बनना चाहिए था. इसके अलावा सेफ फाइनेंस स्कीम के नाम पर उपभोक्ताओं से मनमानी वसूली भी प्रमाणित है. 33/11 केवी की लाइन शिफ्टिंग में भी डिस्कॉम को लाखों रुपए की चपत लगाई गई. ऐसे में डिस्कॉम सीएमडी आरती डोगरा के निर्देश पर लिप्त कार्मिकों पर बड़ा एक्शन लिया गया.

पूरे प्रकरण में पीपलू के सहायक अभियंता अशोक कुमार जांगिड़ को निलम्बित किया गया. जबकि अधिशासी अभियंता (टोंक) मोहर मीणा, तकनीकी सहायक अभय कुमार और तकनीकी सहायक राज किशोर मीणा को तत्काल प्रभाव से एपीओ किया गया. इसके साथ ही तीनों प्रकरणों के हिसाब से विस्तृत जांच के लिए कमेटी का गठन किया गया. कमेटी को 15 दिन के भीतर हर पहलू पर जांच करके रिपोर्ट पेश करने के सख्त निर्देश दिए गए.