नई दिल्ली: वैश्विक महासंकट के बीच प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का नैतिक साहस ! एक्साइज ड्यूटी में बड़ी राहत दी. पेट्रोल पर एक्साइज ड्यूटी 13 रुपए से घटाकर 3 रुपए और डीजल पर 'जीरो' की गई. अंतरराष्ट्रीय बाजार में लगी आग,पर भारत में पेट्रोल-डीजल के दाम सरकार बढ़ने नहीं देगी! मिडिल ईस्ट संकट के बीच मोदी का दूरदर्शी फैसला है. देश को वैश्विक महंगाई की मार से बचाने की तैयारी है.
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल की आसमान छूती कीमतों के बावजूद भारत में पेट्रोल डीजल के दाम नहीं बढ़ेंगे. पेट्रोल-डीजल की ड्यूटी कम होने से तेल कंपनियों पर पड़ रहा भारी वित्तीय दबाव कम होगा, जिससे वे दाम बढ़ाने को मजबूर नहीं होंगी. राजस्व हानि होने के बावजूद भी पीएम मोदी ने जनता के हितों और घरेलू अर्थव्यवस्था को प्राथमिकता दी. प्रधानमंत्री मोदी ने दिखाया कि कठिन समय में भी जनता का कल्याण उनकी पहली प्राथमिकता है.
तेल कंपनियों के बढ़ते नुकसान की भरपाई कर सरकार ने ईंधन की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित की, जहां दुनिया भर के देशों में ईंधन के दाम बेकाबू हो रहे हैं, मोदी ने 'सुरक्षा कवच' तैयार किया है. एक्साइज ड्यूटी में यह कटौती महंगाई को नियंत्रित रखने और लॉजिस्टिक्स लागत को स्थिर रखने में मददगार होगी. संकट के समय में पीएम मोदी का यह आर्थिक दूरदर्शी फैसला देश की जनता को भविष्य की अनिश्चितता से सुरक्षित रखेगा. सचमुच यही तो है मोदी की गारंटी..! दुनिया थमेगी, कीमतें बढ़ेंगी, पर भारत का मध्यम वर्ग मोदी के फैसलों से हमेशा सुरक्षित रहेगा.