जयपुर: लंबे इंतजार के बाद आखिरकार कांग्रेस ने नामांकन के अंतिम दिन अपने राज्यसभा चुनाव उम्मीदवारों का ऐलान कर दिया. खास बात है कि इस बार कांग्रेस ने चौंकाने वाला फैसला लेते हुए चार लो प्रोफाइल और जमीनी नेताओं को उम्मीदवार बनाया है. वहीं अभिषेक मनु सिंघवी औऱ फूलो देवी नेताम को एक बार फिर रिपीट किया है.
कांग्रेस ने आज अपने सभी 6 राज्यसभा चुनाव उम्मीदवारों की घोषणा कर दी. नामांकन के आखिरी दिन जारी सूची में कांग्रेस ने इस बार सरप्राइज देने वाले उम्मीदवार राज्यसभा चुनाव के रण में उतारे हैं. कांग्रेस ने हिमाचल प्रदेश और हरियाणा से तो बेहद चौंकाने वाले उम्मीदवार मैदान में खड़े किए हैं...वहीं वरिष्ठ वकील औऱ सीनियर लीडर अभिषेक सिंघवी को फिर तेलंगाना से मौका दिया है. आदिवासी वर्ग को साधने के लिए फूलो देवी नेताम को फिर छत्तीसगढ़ से रिपीट किया गया है.
राज्यसभा चुनाव का रण
-कांग्रेस ने आखिरी दिन किया अपने सभी 6 प्रत्याशियों का ऐलान
-4 जमीनी नेताओं को टिकट देकर कांग्रेस ने इस बार चौंकाया
-जबकि कईं दिग्गज जता रहे थे राज्यसभा के लिए दावेदारी
-नए चेहरे,लो प्रोफाइल और जमीनी नेताओं पर कांग्रेस ने खेला दांव
-हिमाचल से तो जिला अध्यक्ष अनुराग शर्मा को दिया टिकट
-अनुराग शर्मा करीब 1 माह पहले कांग्रेस के बने थे जिला अध्यक्ष
-हरियाणा से कर्मवीर बौद्ध जैसे साधारण नेता को दिया मौका
-दलित वर्ग से आने बौद्ध ने संविधान बचाओ अभियान में लिया था हिस्सा
-तमिलनाडु से AICC सचिव क्रिस्टोफर तिलक को दिया टिकट
-तमिलनाडु से पूर्व विधायक नरेन्द्र रेड्डी को बनाया प्रत्याशी
-कांग्रेस ने इस बार लीक और पुरानी परिपाटी से हटकर उतारे प्रत्याशी
बड़े चेहरे के तौर पर कह सकते है कि अभिषेक सिंघवी को सिर्फ मौका मिला है. वहीं फूलो देवी नेता के पक्ष में आदिवासी के साथ महिला होने का फैक्टर काम कर गया. लेकिन बाकी जगह कांग्रेस ने दिग्गजों को नकारते हुए जमीनी नेताओं को इस बार मौका दिया है. हिमाचल प्रदेश और हरियाणा से साधारण चेहरों को टिकट देकर हाईकमान ने अपनी मंशा साफ जाहिर कर दी है कि आने वाला वक्त मेहनती और सक्रिय नेताओं का रहेगा.
दरअसल कांग्रेस में इससे पहले दिग्गजों को ही राज्यसभा से भेजने की परिपाटी चल रही थी. लेकिन इस बार उम्मीदवार चयन में नवाचार यकीनन चौंकाने वाला है. कांग्रेस पार्टी ने यह कदम भी तब उठाया जब उसके पास राज्यसभा की सीमित सीट है. लिहाजा इन चौंकाने वाले फैसले को लेकर कांग्रेस गलियारों में अब तरह तरह की चर्चाएं शुरु हो चुकी है. वहीं इस फैसले से कईं राज्यसभा की रेश में शामिल कईं दिग्गजों के अरमान चकनाचूर हो गए.